नई दिल्ली। एक युवक ने लेफ्टिनेंट कर्नल की वर्दी पहनकर भारतीय सेना के फर्जी दस्तावेजों के जरिए एक महिला वकील और उनके परिवार से लाखों रुपये ठग लिए। उत्तरी जिला पुलिस ने मंगलवार को आरोपी 28 वर्षीय सुमित सिंह को गिरफ्तार कर लिया। मूल रूप से यूपी के जौनपुर के सलामतपुर गांव का रहने वाला सुमित दिल्ली के उत्तम नगर में रह रहा था। उसके पास से सेना की नकली वर्दी, बैज, स्टैंप, ज्वाइनिंग लेटर और बुलेट मोटरसाइकिल बरामद की गई है।
उत्तरी जिला पुलिस उपायुक्त राजा बंठिया ने बताया कि तीस हजारी कोर्ट में प्रैक्टिस करने वाली 30 वर्षीय महिला वकील ने गुलाबी बाग थाने में शिकायत दर्ज की थी। पीड़िता के मुताबिक, 24 जुलाई 2024 को सुमित ने खुद को थलसेना का लेफ्टिनेंट कर्नल बताकर उनसे मुलाकात की। उसने आर्म्ड फोर्सेस ट्रिब्यूनल (एएफटी) में सरकारी वकील की नौकरी दिलाने का वादा किया और फॉर्म फीस के नाम पर 2,680 रुपये लिए। इसके बाद उसने शादी का प्रस्ताव रखा और मेस खर्च के लिए 64,530 रुपये ट्रांसफर करवाए।
सुमित ने वकील के भाई मिलन कोहली को पीसीडीए में हेड क्लर्क की नौकरी का झांसा देकर 50,000 और 54,836 रुपये ठग लिए। उसने दावा किया कि उसका फोन बम विस्फोट में नष्ट हो गया, जिसके बाद पीड़िता ने उसे सैमसंग गैलेक्सी फोल्ड 6 खरीदकर दिया। इसके अलावा, भाई का वेतन बढ़ाने के नाम पर 82,000 रुपये, पिता को टेंडर दिलाने के लिए 3,13,957 रुपये और पॉलिसी नवीनीकरण के बहाने 2,40,000 रुपये हड़प लिए। उसने शादी का दबाव बनाकर सोने की चेन, अंगूठी और कपड़े भी ले लिए, जिसके लिए 11,000 रुपये दिए गए। अंत में, भाई की ज्वाइनिंग के लिए चीफ को चंदे के नाम पर 5 लाख रुपये मांगे, जो पीड़िता ने कर्ज और रिश्तेदारों से उधार लेकर दिए।
पुलिस के मुताबिक, सुमित 26 जून 2015 को स्नाइपर के रूप में सेना में भर्ती हुआ था, लेकिन अप्रैल 2023 में लखनऊ के सरोजनी नगर थाने में धोखाधड़ी, बलात्कार और अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज होने के बाद उसे निलंबित कर दिया गया। इसके बाद उसने लखनऊ और हरदोई में लोगों को ठगना शुरू किया। मई-जून 2024 में दिल्ली आकर उसने फिर से फर्जीवाड़ा शुरू किया। गुलाबी बाग थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर उसे गिरफ्तार कर लिया और मामले की जांच जारी है।


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